नई दिल्ली। Operation Sindoor : पाकिस्तान की जरा थेथरई देखिए। पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने नकल तो हमारे देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की करने की कोशिश की, लेकिन दांव उल्टा पड़ गया। उन्ह अपमानजनक और शर्मनाक स्थिति का सामना करना पड़ गया।
शहबाज शरीफ ने बुधवार शाम पंजाब प्रांत के सियालकोट स्थित आर्मी कैंप का दौरा किया और सैनिकों से मुलाकात की। शरीफ का यह कार्यक्रम पाकिस्तानी रक्षा बलों के लिए मनोबल बढ़ाने वाला हो सकता था। लेकिन स्थान, माहौल और पृष्ठभूमि का चुनाव उनके लिए ‘शर्मनाक और अपमानजनक’ साबित हुआ।
शहबाज शरीफ का पाकिस्तानी सैनिकों के पास पहुंचना और उन्हें संबोधित करने के माध्यम से दुनिया को संदेश देने के तरीके को ‘भारतीय पीएम की नकल’ के प्रयास के रूप में देखा जा रहा है।
आपरेशन सिंदूर में हुई हानि को छुपाने में रहे असफल
भारतीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जब पंजाब एयरबेस पहुंचे थे तो उससे भारतीय सैन्य शक्ति को मजबूती मिली। उनके संबोधन से निकले संदेश ने दुनिया पर असर डाला था, लेकिन इसी कार्यक्रम की नकल कर पहुंचे शहबाज अपनी सेना की जग हंसाई करा बैठे। पाकिस्तान ‘ऑपरेशन सिंदूर’ से हुई हानि को छुपाने में पूरी तरह विफल रहा।
पाकिस्तान के दावे निकले झूठे
भारत ने 10 मई की सुबह पाकिस्तान के कई एयरबेसों पर हमला किया था। पाकिस्तान ने नुकसान के सच को छुपाया और भारतीय जेट विमानों को मार गिराने का झूठा दावा किया। पाकिस्तान ने भारतीय वायुसेना के एक जवान को पकड़ने का भी दावा किया, जिसे भारत सरकार ने नकार दिया था। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के पंजाब स्थित एयरबेस के दौरे ने पाकिस्तान के दावे को झूठा साबित कर दिया था। यह वही ‘आदमपुर एयरबेस’ है जिसे पाकिस्तानी सेना नष्ट करने का दावा कर रही थी।
पाकिस्तान के एयरफील्ड को भारी नुकसान
प्रधानमंत्री मोदी ने मंगलवार को आदमपुर एयरबेस का दौरा किया था और भारत की प्रसिद्ध वायु रक्षा प्रणाली और लड़ाकू विमानों की पृष्ठभूमि में सैनिकों से मुलाकात की थी। वहीं शहबाज शरीफ ने अपने सैनिकों से सुनसान जगह पर बातचीत की, जहां कुछ टैंक और विमान दूर खड़े थे। दोनों देशों के पीएमओ ने अपने-अपने प्रधानमंत्रियों के सैनिकों को संबोधित करते हुए तस्वीर साझा की है, जिससे यह साबित हो रहा है कि भारतीय सेना ने पाकिस्तान को बड़े पैमाने पर नुकसान पहुंचाया है। उसके एयरबेस और एयरफील्ड को भी भारी नुकसान हुआ है।
पाकिस्तान के पीएमओ ने शहबाज शरीफ की सैनिकों के साथ तस्वीरें साझा कीं, लेकिन किसी हवाई पट्टी या रनवे की नहीं, जिससे यह पता चलता है कि भारतीय हमलों में उनके हवाई क्षेत्रों को भारी नुकसान हुआ है। एकमात्र प्रमुख तस्वीर शहबाज शरीफ की थी, जो सुनसान मैदान में सेना के टैंक पर खड़े होकर सैनिकों को संबोधित कर रहे थे।
सोशल मीडिया यूजर्स ने पाकिस्तान का मजाक उड़ाया
शरीफ की पाकिस्तानी जवानों के साथ मुलाकात का सोशल मीडिया यूजर्स ने जमकर मजाक उड़ाया है। यूजर्स शहबाज को नकलची बताते हुए कह रहे हैं कि यह भारत की शैली है जो वीर सैनिकों की प्रशंसा के लिए अपनाई जाती है। पाकिस्तानी प्रधानमंत्री ऐसा करने में पूरी तरह असफल रहे हैं।
मोदी के आदमपुर एयरबेस की तस्वीरों से संदेश साफ
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की आदमपुर एयरबेस से जो तस्वीर आई थी, उसने दुनिया को साफ और स्पष्ट संकेत दे दिया था। पीएम की एस-400 डिफेंस सिस्टम और मिग-29 के साथ आई तस्वीरों ने भारतीय वायुसेना की ताकत का एहसास दुनिया को कराया था। हवाई पट्टी पर हरक्यूलिस विमान भी उतरा, जो पाकिस्तान के एयरबेस तबाह करने के वादे को झूठा साबित करता है और पाकिस्तान की नाटकीयता और आडंबरपूर्ण बयानबाजी को उजागर करता है।
मोदी ने दिया था दमदार भाषण
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने एयरबेस से दमदार भाषण दिया था। उन्होंने कहा था- “जब हमारे सैनिक ‘भारत माता की जय’ का नारा लगाते हैं तो दुश्मन डर से कांप उठता है। बहादुर जवानों को सलाम करता हूं और दुश्मनों को यह कहता हूं कि ‘घर में घुस के मारेंगे।’” ये संदेश स्पष्ट रूप से पाकिस्तान के लिए था। भारतीय सेना के सामने 10 मई को पाकिस्तान को मुंह की खानी पड़ी थी।
‘ऑपरेशन सिंदूर’ के तहत भारतीय सेना ने पाकिस्तानी हवाई अड्डों को जो नुकसान पहुंचाया था, उसकी खबरें दो अमेरिकी दैनिक अखबारों – द न्यूयॉर्क टाइम्स और द वाशिंगटन पोस्ट में भी छपी थीं।—आइएएनएस







