नई दिल्ली, 18 फरवरी। Mamata ED Petition : आइ-पैक रेड मामले में पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री Mamata Banerjee के खिलाफ दायर याचिका पर आज Supreme Court of India में सुनवाई टल गई। अब इस मामले की अगली सुनवाई 18 मार्च को होगी।
अदालत में Enforcement Directorate (ईडी) की ओर से पेश सॉलिसिटर जनरल ने कहा कि एजेंसी आज ही अपना जवाब दाखिल कर देगी।
Mamata ED Petition : आइ-पैक रेड पर विवाद गहराया
ईडी ने आइ-पैक के दफ्तरों पर छापेमारी के दौरान कथित दखलअंदाजी का आरोप लगाते हुए सुप्रीम कोर्ट में याचिका दाखिल की है।
इस याचिका में मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के साथ-साथ पश्चिम बंगाल के डीजीपी Rajeev Kumar और कोलकाता पुलिस आयुक्त Manoj Kumar को भी पक्षकार बनाया गया है।
ईडी ने इन तीनों के खिलाफ एफआइआर दर्ज करने की मांग की है।
ममता का पलटवार : ‘लोकतांत्रिक प्रक्रिया में दखल’
Mamata ED Petition : ममता बनर्जी ने अदालत में दाखिल अपने हलफनामे में ईडी पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उनका कहना है कि कोलकाता स्थित आइ-पैक कार्यालयों में तलाशी के दौरान तृणमूल कांग्रेस से जुड़ा गोपनीय और चुनावी रणनीति का डेटा जब्त किया गया।
उन्होंने इसे न केवल अवैध बताया, बल्कि लोकतांत्रिक प्रक्रिया में हस्तक्षेप करार दिया।
‘संवेदनशील डेटा की सुरक्षा के लिए पहुंची थी’
Mamata ED Petition : हलफनामे में ममता बनर्जी ने स्पष्ट किया कि जैसे ही उन्हें तलाशी की सूचना मिली और यह पता चला कि वहां पार्टी का संवेदनशील डेटा मौजूद है, वह स्वयं मौके पर पहुंचीं।
उनका कहना है कि उनका उद्देश्य केवल गोपनीय सामग्री को सुरक्षित रखना था, न कि ईडी की कार्रवाई में बाधा डालना।
18 मार्च पर टिकी निगाहें
Mamata ED Petition : अब इस मामले में सभी पक्षों की दलीलें 18 मार्च को सुनी जाएंगी। यह मामला जांच एजेंसी की कार्रवाई और राज्य सरकार के अधिकारों के बीच टकराव का अहम मुद्दा बन चुका है। ऐसे में अदालत का आगामी फैसला राजनीतिक और कानूनी दोनों दृष्टि से महत्वपूर्ण माना जा रहा है।







