Chandrashekhar Azad stopped : दिल्ली बॉर्डर पर सियासी टकराव
नई दिल्ली/गाजियाबाद, 10 जनवरी। Chandrashekhar Azad stopped : मेरठ के सरधना क्षेत्र में एक दलित महिला की हत्या और उसकी बेटी के अपहरण की घटना के बाद उत्तर प्रदेश की राजनीति गरमा गई है। पीड़ित परिवार से मिलने के लिए विपक्षी दलों के नेताओं का पहुंचना जारी है, वहीं कानून-व्यवस्था का हवाला देते हुए पुलिस प्रशासन ने बाहरी नेताओं की एंट्री पर सख्ती कर दी है।
यूपी गेट पर भारी पुलिस तैनाती
इसी कड़ी में नगीना से सांसद और भीम आर्मी प्रमुख चंद्रशेखर आज़ाद को मेरठ जाने से रोकने के लिए दिल्ली-यूपी बॉर्डर स्थित यूपी गेट पर भारी संख्या में पुलिस बल तैनात किया गया। जैसे ही चंद्रशेखर आज़ाद यूपी गेट पहुंचे, पुलिस ने उन्हें आगे बढ़ने से रोक दिया। इस दौरान पुलिस और सांसद के बीच तीखी नोकझोंक और धक्का-मुक्की भी हुई।
पुलिस को चकमा, कपसाड़ गांव की ओर रवाना
Chandrashekhar Azad stopped : हालांकि, तमाम कोशिशों के बावजूद पुलिस सांसद चंद्रशेखर आज़ाद को रोकने में नाकाम रही। वे सुरक्षा घेरा तोड़ते हुए मेरठ के कपसाड़ गांव के लिए रवाना हो गए। मूवमेंट की सूचना मिलने पर गाजियाबाद पुलिस ने उनका पीछा भी किया, लेकिन वे दलित पीड़ित परिवार से मिलने के अपने इरादे में सफल रहे।
क्या है पूरा मामला
Chandrashekhar Azad stopped : मेरठ पुलिस के मुताबिक, कपसाड़ गांव में अपराधियों ने 20 वर्षीय युवती का अपहरण कर लिया था। जब उसकी 50 वर्षीय मां ने बेटी को बचाने की कोशिश की तो आरोपियों ने उस पर धारदार हथियार से हमला कर दिया। गंभीर रूप से घायल महिला की अस्पताल में इलाज के दौरान मौत हो गई। घटना के बाद इलाके में भारी आक्रोश फैल गया है।
विपक्ष का सरकार पर हमला
Chandrashekhar Azad stopped : इस मामले पर समाजवादी पार्टी के नेता योगेश वर्मा ने सरकार पर कड़ा हमला बोलते हुए कहा कि यह घटना न सिर्फ दर्दनाक बल्कि पूरे दलित समाज को झकझोर देने वाली है। उन्होंने कहा कि ऐसे जघन्य अपराध पर तुरंत और सख्त कार्रवाई होनी चाहिए और जिम्मेदार लोगों को कड़ा सबक सिखाया जाना चाहिए।
आरोपितों की तलाश जारी
Chandrashekhar Azad stopped : पुलिस ने आरोपितों की पहचान पारस सोम और सुनील कुमार के रूप में की है, जो कथित तौर पर उसी गांव के निवासी हैं। फिलहाल पुलिस दोनों आरोपितों और अपहृत युवती की तलाश में लगातार दबिश दे रही है।
कानून-व्यवस्था बनाम राजनीतिक दबाव
Chandrashekhar Azad stopped : मेरठ हत्याकांड के बाद एक ओर जहां कानून-व्यवस्था बनाए रखने की चुनौती है, वहीं दूसरी ओर विपक्षी नेताओं की सक्रियता ने प्रदेश सरकार और प्रशासन पर दबाव बढ़ा दिया है। आने वाले दिनों में इस मामले पर सियासी और प्रशासनिक हलचल और तेज होने की संभावना है।







