नई दिल्ली, 18 दिसंबर। Fake Air India Jobs : दिल्ली के शाहदरा जिले की साइबर पुलिस ने एयरलाइन में नौकरी दिलाने के नाम पर लोगों से ठगी करने वाले बड़े रैकेट का पर्दाफाश किया है। इस मामले में मुख्य आरोपित 35 वर्षीय रोहित मिश्रा को गिरफ्तार किया गया है, जो एयर इंडिया और विस्तारा में नौकरी दिलाने के झांसे में लोगों से पैसा ऐंठ रहा था।
पुलिस ने आरोपित के पास से मोबाइल फोन, फर्जी दस्तावेज और डिजिटल सबूत बरामद किए हैं।
यह मामला साइबर थाना शाहदरा में एफआइआर नंबर 104/25 के तहत भारतीय दंड संहिता (आइपीसी) की धारा 418(4) में दर्ज किया गया। शिकायतकर्ता रितु सिंह ने बताया कि उन्हें विस्तारा एयरवेज में नौकरी दिलाने के नाम पर फर्जी ईमेल आइडी से संपर्क किया गया। इसके बाद मोबाइल नंबर 7596949756 से कॉल और मैसेज भेजे गए। आरोपितों ने नौकरी की प्रक्रिया, यूनिफॉर्म और अन्य औपचारिकताओं के नाम पर उनसे पैसे ऐंठे।
तुरंत जांच शुरू की
Fake Air India Jobs : प्रारंभिक जांच में साइबर ठगी का मामला सामने आने पर पुलिस ने तुरंत केस दर्ज कर जांच शुरू की। गंभीरता को देखते हुए एक विशेष टीम गठित की गई, जिसमें एसआइ अजय भट्ट, हेड कांस्टेबल धनेश, अनुज, विकास और कांस्टेबल प्रभु दयाल शामिल थे। टीम ने इंस्पेक्टर विजय कुमार (एसएचओ, साइबर शाहदरा) के नेतृत्व में और एसीपी मोहिंदर सिंह की निगरानी में कार्रवाई की।
पुलिस टीम ने कॉल डिटेल रिकॉर्ड (सीडीआर), तकनीकी सर्विलांस और डिजिटल फुटप्रिंट्स का विश्लेषण किया। जांच के दौरान आरोपित की लोकेशन गाजियाबाद के आदित्य वर्ल्ड सिटी में ट्रेस की गई, जहां से रोहित मिश्रा को गिरफ्तार किया गया।
मोबाइल से यह सब बरामद हुआ
Fake Air India Jobs : गिरफ्तार आरोपित के पास से एक रेडमी-10 मोबाइल फोन बरामद हुआ। फोन में सक्रिय नंबर उस एक्सिस बैंक खाते से जुड़ा था, जिसमें ठगी की रकम जमा की जाती थी। मोबाइल में ‘एयर विस्तारा’ नाम से व्हाट्सएप प्रोफाइल और फर्जी लोगो, कई क्यूआर कोड, जाली लेटर ऑफ़ इंटेंट (LOI) और अन्य फर्जी दस्तावेज पाए गए।
पहले से दर्ज हैं गंभीर मामले
Fake Air India Jobs : पुलिस जांच में यह भी सामने आया कि रोहित मिश्रा पहले भी धोखाधड़ी और जालसाजी के मामलों में शामिल रहा है। उसके खिलाफ 2018 और 2019 में दिल्ली क्राइम ब्रांच में गंभीर मामले दर्ज हैं।
फिलहाल पुलिस पूरे गिरोह की गहन जांच कर रही है। अन्य सहयोगियों की पहचान, पैसों की लेन-देन और ठगी की रकम की रिकवरी के लिए डिजिटल सबूतों का विश्लेषण किया जा रहा है। पुलिस ने लोगों से अपील की है कि नौकरी से जुड़े ऐसे ईमेल और कॉल से सतर्क रहें और किसी भी तरह की फीस देने से पहले पूरी जांच अवश्य करें।







