Ayurveda Day 2026 : परंपरा से आधुनिक स्वास्थ्य तक, आयुर्वेद दिवस पर मोतिहारी में चिकित्सा विशेषज्ञों ने साझा किए विचार
मोतिहारी, 23 सितंबर 2026। Ayurveda Day 2026 :
11वें आयुर्वेद दिवस के अवसर पर बुधवार को पूर्वी चंपारण जिले में आयुर्वेद और आयुष चिकित्सा पद्धति के प्रति जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से विभिन्न कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। राज्य आयुष समिति, बिहार, पटना के दिशा-निर्देश तथा जिला देशी चिकित्सा पदाधिकारी, पूर्वी चंपारण के मार्गदर्शन में जिले के अंतर्गत संचालित 14 आयुष्मान आरोग्य मंदिर आयुष केंद्रों पर स्थानीय चिकित्सा पदाधिकारियों के नेतृत्व में आयुर्वेद दिवस समारोहपूर्वक मनाया गया।
आयुर्वेद दिवस के मुख्य कार्यक्रम का आयोजन जिला संयुक्त औषधालय, मोतिहारी के परिसर में किया गया। कार्यक्रम में जिले के आयुष चिकित्सा क्षेत्र से जुड़े चिकित्सकों, कर्मचारियों, स्वास्थ्यकर्मियों तथा गणमान्य लोगों ने भाग लिया। समारोह में आयुर्वेद की उपयोगिता, स्वस्थ जीवनशैली, नियमित दिनचर्या, ऋतुचर्या और आयुष चिकित्सा पद्धतियों की भूमिका को लेकर विस्तार से चर्चा की गई।
मुख्य समारोह की अध्यक्षता जिला देशी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ. जनार्दन प्रसाद सिंह ने की। कार्यक्रम में सिविल सर्जन, मोतिहारी डॉ. दिलीप कुमार सिंह मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। वहीं पूर्व निदेशक आयुर्वेद डॉ. असेसर शाह ने वरिष्ठ अतिथि के रूप में कार्यक्रम में भाग लिया और उपस्थित चिकित्सकों एवं लोगों को आयुर्वेद के महत्व को लेकर मार्गदर्शन प्रदान किया।
बेहतर चिकित्सा के प्रयासों की दी जानकारी
कार्यक्रम के दौरान सिविल सर्जन डॉ. दिलीप कुमार सिंह ने आयुष चिकित्सा सेवाओं को और बेहतर बनाने की दिशा में किए जा रहे प्रयासों की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि जिले में कार्यरत आयुष चिकित्सकों को उनकी संबंधित चिकित्सा पद्धति के अनुरूप आवश्यक औषधियां उपलब्ध कराने का प्रयास किया जा रहा है, ताकि मरीजों को आयुष चिकित्सा के माध्यम से बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराई जा सकें।

आवश्यक संसाधन पर जोर
Ayurveda Day 2026 : उन्होंने जिला संयुक्त औषधालय, मोतिहारी के लिए सदर अस्पताल परिसर में स्थान उपलब्ध कराने का भी आश्वासन दिया। इस पहल से आयुष चिकित्सा सेवाओं के संचालन और विस्तार को बेहतर आधार मिलने की उम्मीद जताई गई। चिकित्सकों और स्वास्थ्यकर्मियों ने भी आयुष चिकित्सा व्यवस्था को मजबूत करने के लिए आवश्यक संसाधन उपलब्ध कराने की आवश्यकता पर जोर दिया।
समारोह में आयुष्मान आरोग्य मंदिर आयुष से जुड़े चिकित्सकों और जिले के विभिन्न क्षेत्रों से आए चिकित्सकों एवं कर्मचारियों की उल्लेखनीय उपस्थिति रही। इसके अलावा स्वास्थ्य एवं चिकित्सा क्षेत्र से जुड़े गणमान्य लोगों ने भी कार्यक्रम में भाग लेकर आयुर्वेद दिवस के आयोजन को सफल बनाया।
कार्यक्रम में पूर्व जिला देशी चिकित्सा पदाधिकारी, मुजफ्फरपुर डॉ. नवीन कुमार दास तथा पूर्व जिला देशी चिकित्सा पदाधिकारी, मुंगेर डॉ. प्रभुनाथ चौधरी की भी महत्वपूर्ण उपस्थिति रही। इसके साथ ही एचएएमआई, पूर्वी चंपारण के अध्यक्ष डॉ. एम.एम. प्रसाद सहित आयुष चिकित्सा क्षेत्र से जुड़े कई चिकित्सक एवं प्रतिनिधि कार्यक्रम में मौजूद रहे।

स्वस्थ जीवनशैली का माध्यम है आयुर्वेद
Ayurveda Day 2026 : समारोह को संबोधित करते हुए वक्ताओं ने कहा कि आयुर्वेद केवल रोगों के उपचार तक सीमित चिकित्सा पद्धति नहीं है, बल्कि यह व्यक्ति को स्वस्थ जीवनशैली अपनाने और शरीर तथा मन के संतुलन को बनाए रखने की दिशा में भी महत्वपूर्ण मार्गदर्शन प्रदान करता है। वक्ताओं ने आयुर्वेद में वर्णित दिनचर्या और ऋतुचर्या के महत्व पर विस्तार से प्रकाश डाला और कहा कि बदलते मौसम तथा जीवनशैली के अनुरूप खान-पान और दैनिक गतिविधियों में आवश्यक बदलाव स्वास्थ्य के लिए लाभकारी हो सकते हैं।
आधुनिक समय में आयुर्वेद की उपयोगिता पर चर्चा
वक्ताओं ने लोगों को अपनी दिनचर्या को व्यवस्थित रखने, संतुलित आहार लेने और स्वास्थ्य के प्रति जागरूक रहने का संदेश दिया। उन्होंने आयुर्वेद की पारंपरिक चिकित्सा पद्धतियों और आधुनिक समय में उनकी उपयोगिता पर भी चर्चा की। कार्यक्रम में इस बात पर विशेष जोर दिया गया कि आयुष चिकित्सा सेवाओं को ग्रामीण और दूरदराज के क्षेत्रों तक प्रभावी तरीके से पहुंचाने के लिए स्वास्थ्य संस्थानों को आवश्यक संसाधनों से मजबूत किया जाना जरूरी है।
आयुर्वेद दिवस के अवसर पर जिले के विभिन्न आयुष्मान आरोग्य मंदिरों में भी स्थानीय स्तर पर कार्यक्रम आयोजित किए गए। इन कार्यक्रमों में स्थानीय लोगों को आयुर्वेद, आयुष चिकित्सा पद्धति, स्वस्थ जीवनशैली, नियमित दिनचर्या तथा मौसम के अनुरूप स्वास्थ्य देखभाल के बारे में जानकारी दी गई। चिकित्सा पदाधिकारियों ने लोगों को स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं के प्रति जागरूक रहने तथा आवश्यकता के अनुसार चिकित्सकीय सलाह लेने के लिए प्रेरित किया।

इन्होंने किया संचालन
Ayurveda Day 2026 : मुख्य समारोह का संचालन डॉ. विनोद कुमार शर्मा ने किया। उन्होंने कार्यक्रम में मौजूद अतिथियों, चिकित्सकों, कर्मचारियों और गणमान्य लोगों का स्वागत किया तथा आयुर्वेद दिवस के आयोजन के उद्देश्य और महत्व पर प्रकाश डाला।
कार्यक्रम की सफलता में डॉ. कन्हैयालाल प्रसाद, डॉ. गरिमा कुमारी, श्री रिशु मिश्रा, देवकांत झा, श्री दिनेश कुमार, श्री गणेश राय और श्री रमेश भगत सहित अन्य लोगों का महत्वपूर्ण सहयोग रहा। आयोजकों ने सभी चिकित्सकों, कर्मचारियों और उपस्थित गणमान्य लोगों के प्रति आभार व्यक्त किया।
आयोजकों के अनुसार, आयुर्वेद दिवस का उद्देश्य लोगों के बीच पारंपरिक भारतीय चिकित्सा पद्धति के प्रति जागरूकता बढ़ाना और स्वस्थ जीवनशैली के प्रति लोगों को प्रेरित करना है। पूर्वी चंपारण में 14 आयुष्मान आरोग्य मंदिर आयुष केंद्रों पर आयोजित कार्यक्रमों के माध्यम से आयुर्वेद और आयुष चिकित्सा सेवाओं को जन-जन तक पहुंचाने की दिशा में जागरूकता का संदेश दिया गया।







