'एन पी एन लाइव'

Nepal Relief Aid : भारत ने नेपाल भेजी 11 टन राहत सामग्री की एक और खेप, दवाओं से लेकर हाइजीन किट और फोरेंसिक उपकरण तक शामिल

SHARE:

Nepal Relief Aid: India Sends 11 Tonnes of Supplies

नई दिल्ली, 19 सितंबर। Nepal Relief Aid : नेपाल में विनाशकारी बाढ़ के बाद उत्पन्न चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों के बीच भारत ने पड़ोसी देश की मदद के लिए मानवीय सहायता और आपदा राहत सामग्री की एक और बड़ी खेप भेजी है। भारत की ओर से भेजी गई इस नई खेप में कुल 11 टन राहत सामग्री शामिल है, जिसमें आवश्यक दवाओं के अलावा फोरेंसिक उपकरण, टेंट, हाइजीन किट, स्लीपिंग बैग और अन्य जरूरी सामान शामिल हैं।

राहत सामग्री को लेकर भारतीय वायुसेना का एक विशेष विमान नेपाल के लिए रवाना किया गया। यह नेपाल में बाढ़ के बाद चल रहे राहत, बचाव और पुनर्प्राप्ति प्रयासों के लिए भारत की ओर से भेजी गई नौवीं विशेष उड़ान है। भारत लगातार नेपाल की तत्काल जरूरतों को ध्यान में रखते हुए विभिन्न प्रकार की मानवीय सहायता उपलब्ध करा रहा है।

विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर विदेश मंत्री एस. जयशंकर की पोस्ट को साझा करते हुए राहत सामग्री भेजे जाने की जानकारी दी। विदेश मंत्रालय की ओर से बताया गया कि भारत ने नेपाल को 11 टन राहत सामग्री की एक और खेप भेजी है। यह सहायता नेपाल को बाढ़ के बाद सामान्य स्थिति की ओर लौटने और पुनर्प्राप्ति की प्रक्रिया में सहयोग देने के उद्देश्य से भेजी गई है।

इससे पहले विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने भी राहत सामग्री की नई खेप के बारे में जानकारी साझा की थी। उन्होंने बताया कि नेपाल भेजी गई इस खेप में दवाएं, फोरेंसिक सामग्री, टेंट, हाइजीन किट, स्लीपिंग बैग और अन्य आवश्यक वस्तुएं शामिल हैं। उन्होंने यह भी कहा कि भारत नेपाल के पुनर्निर्माण और रिकवरी प्रयासों में लगातार सहयोग करता रहेगा।

अब तक 140 टन से अधिक मानवीय सहायता भेज चुका है भारत

Nepal Relief Aid :  नेपाल में बाढ़ से उत्पन्न संकट के बाद भारत की ओर से लगातार मानवीय सहायता उपलब्ध कराई जा रही है। अब तक भारत 140 टन से अधिक मानवीय सहायता और आपदा राहत सामग्री नेपाल भेज चुका है। इस सहायता में राहत एवं बचाव कार्यों के लिए आवश्यक उपकरणों के साथ-साथ प्रभावित लोगों की तत्काल जरूरतों को पूरा करने वाली सामग्री भी शामिल है।

विदेश मंत्रालय की ओर से समय-समय पर नेपाल को भेजी जा रही सहायता को लेकर जानकारी दी जाती रही है। मंत्रालय ने विभिन्न बयानों और प्रेस वार्ताओं के माध्यम से यह भी बताया है कि राहत सामग्री के साथ जरूरत के मुताबिक विशेषज्ञ सहायता भी उपलब्ध कराई गई है।

भारत की ओर से नेपाल को दी जा रही सहायता केवल खाद्य और सामान्य राहत सामग्री तक सीमित नहीं है। आपदा के बाद उत्पन्न विभिन्न परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए विशेष तकनीकी उपकरण और विशेषज्ञता से जुड़ी सामग्री भी उपलब्ध कराई गई है।

Nepal Relief Aid: India Sends 11 Tonnes of Supplies

सुरंग और कीचड़ से बचाव के लिए विशेष उपकरण भी भेजे गए

Nepal Relief Aid :  बाढ़ के बाद कई स्थानों पर राहत और बचाव अभियान चलाने के दौरान अलग-अलग प्रकार की चुनौतियां सामने आती हैं। इन्हें ध्यान में रखते हुए भारत ने नेपाल को सुरंग और कीचड़ से बचाव के लिए विशेष उपकरण भी उपलब्ध कराए हैं।

इसके अलावा प्रभावित क्षेत्रों में पहचान और जांच से संबंधित जरूरतों को पूरा करने के लिए डीएनए किट और फोरेंसिक उपकरण भी तत्काल उपलब्ध कराए गए। आपदा के बाद लापता लोगों की पहचान, घटनाओं की जांच और राहत एवं बचाव कार्यों से जुड़ी जरूरतों में इस तरह के उपकरण महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं।

भारत की ओर से नेपाल को भेजी जा रही सहायता में प्रभावित लोगों के लिए जरूरी बुनियादी सामान भी शामिल किया गया है। इनमें अस्थायी आश्रय के लिए टेंट, कंबल, हाइजीन किट, सोलर लैंप और दवाएं प्रमुख रूप से शामिल हैं।

भारतीय वायुसेना ने संचालित कीं नौ विशेष उड़ानें

Nepal Relief Aid :  नेपाल तक राहत सामग्री तेजी से पहुंचाने के लिए भारतीय वायुसेना लगातार विशेष उड़ानों का संचालन कर रही है। अब तक भारतीय वायुसेना की ओर से नौ विशेष उड़ानें संचालित की जा चुकी हैं, जिनके माध्यम से बड़ी मात्रा में मानवीय सहायता और आपदा राहत सामग्री नेपाल पहुंचाई गई है।

विशेष विमानों के जरिए राहत सामग्री पहुंचाने से आपदा प्रभावित क्षेत्रों में आवश्यक सामान को कम समय में उपलब्ध कराने में मदद मिलती है। भारत ने बाढ़ के बाद नेपाल की जरूरतों को देखते हुए राहत सामग्री की आपूर्ति का सिलसिला जारी रखा है।

राहत से लेकर पुनर्निर्माण तक सहयोग जारी रखने की प्रतिबद्धता

Nepal Relief Aid :  भारत ने स्पष्ट किया है कि वह नेपाल में बाढ़ के बाद चल रहे बचाव, राहत, रिकवरी और पुनर्निर्माण प्रयासों में सहयोग जारी रखने के लिए प्रतिबद्ध है। नई राहत खेप इसी निरंतर सहायता का हिस्सा है।

नेपाल भारत का पड़ोसी और करीबी साझेदार देश है। प्राकृतिक आपदा की स्थिति में भारत की ओर से पड़ोसी देश को तत्काल सहायता उपलब्ध कराने का सिलसिला पहले भी देखने को मिलता रहा है। इस बार भी बाढ़ से उत्पन्न कठिन परिस्थितियों को देखते हुए भारत ने राहत एवं आपदा प्रबंधन से जुड़ी आवश्यकताओं के अनुरूप सहायता भेजी है।

11 टन की ताजा खेप में शामिल दवाओं और हाइजीन किट से जहां प्रभावित लोगों की स्वास्थ्य एवं स्वच्छता संबंधी जरूरतों को पूरा करने में मदद मिलेगी, वहीं टेंट और स्लीपिंग बैग जैसी सामग्री अस्थायी आश्रय की जरूरतों के लिए उपयोगी होगी। फोरेंसिक और डीएनए संबंधी उपकरण आपदा के बाद पहचान तथा अन्य आवश्यक प्रक्रियाओं में सहायता प्रदान कर सकते हैं।

भारत की ओर से अब तक भेजी गई 140 टन से अधिक मानवीय और आपदा राहत सामग्री तथा भारतीय वायुसेना की नौ विशेष उड़ानें नेपाल में राहत प्रयासों के प्रति नई दिल्ली की निरंतर सहायता को दर्शाती हैं। विदेश मंत्रालय की ओर से कहा गया है कि नेपाल की रिकवरी और पुनर्निर्माण प्रक्रिया में भारत का सहयोग आगे भी जारी रहेगा।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

सबसे ज्यादा पढ़ी गई