कोलकाता/चेन्नई, 23 अप्रैल। Bengal TN Voting : भारत निर्वाचन आयोग (ECI) द्वारा जारी ताज़ा आंकड़ों के अनुसार पश्चिम बंगाल और तमिलनाडु विधानसभा चुनाव 2026 में सुबह 11 बजे तक मतदान ने उल्लेखनीय रफ्तार पकड़ ली है। पश्चिम बंगाल में अब तक 41.11 प्रतिशत मतदान दर्ज किया गया है, जबकि तमिलनाडु में यह आंकड़ा 37.56 प्रतिशत तक पहुंच गया है। दोनों राज्यों में सुबह से ही मतदान केंद्रों पर मतदाताओं की भारी भीड़ और लंबी कतारें देखने को मिल रही हैं, जो चुनाव के प्रति लोगों के उत्साह को दर्शाती हैं।
बंगाल में सुबह 7 बजे से वोटिंग
Bengal TN Voting : पश्चिम बंगाल में गुरुवार सुबह 7 बजे से पहले चरण का मतदान शुरू हुआ, जिसमें राज्य के 16 जिलों की 152 विधानसभा सीटों पर वोटिंग हो रही है। यह चुनाव दो चरणों में आयोजित किया जा रहा है और पहले चरण को बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है। सुबह से ही विभिन्न मतदान केंद्रों पर मतदाताओं की भारी भीड़ उमड़ पड़ी और कई स्थानों पर लोग मतदान शुरू होने से पहले ही कतारों में खड़े नजर आए।
इन जिलों में हो रहा मतदान
पहले चरण में जिन 16 जिलों में मतदान हो रहा है, उनमें उत्तरी बंगाल के कूच बिहार, दार्जिलिंग, कलिम्पोंग, जलपाईगुड़ी, अलीपुरद्वार, उत्तर दिनाजपुर, दक्षिण दिनाजपुर और मालदा शामिल हैं। वहीं दक्षिण बंगाल के मुर्शिदाबाद, पूर्व मिदनापुर, पश्चिम मिदनापुर, झाड़ग्राम, पुरुलिया, बांकुड़ा, पश्चिम बर्दवान और बीरभूम जिलों में भी मतदान प्रक्रिया जारी है।
चुनाव आयोग के अनुसार, पश्चिम बंगाल में शेष 142 विधानसभा सीटों के लिए मतदान का दूसरा चरण 29 अप्रैल को कराया जाएगा, जबकि पूरे राज्य के चुनाव परिणाम 4 मई को घोषित किए जाएंगे। प्रशासन ने मतदान को शांतिपूर्ण और निष्पक्ष तरीके से संपन्न कराने के लिए सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए हैं और सभी मतदान केंद्रों पर कड़ी निगरानी रखी जा रही है।

तमिलनाडु में 234 सीटों के लिए मतदान
उधर, तमिलनाडु में भी विधानसभा चुनाव के लिए सभी 234 सीटों पर सुबह 7 बजे से मतदान शुरू हो गया है। राज्य में इस बार 5.73 करोड़ से अधिक पंजीकृत मतदाता अपने मताधिकार का प्रयोग कर रहे हैं। तमिलनाडु का यह चुनाव इस बार बेहद दिलचस्प और बहुकोणीय मुकाबले के रूप में देखा जा रहा है, जिसमें कुल 4,023 उम्मीदवार चुनावी मैदान में अपनी किस्मत आजमा रहे हैं।
इन राजनीतिक दलों में है मुकाबला
तमिलनाडु में मुख्य मुकाबला चार प्रमुख राजनीतिक ताकतों के बीच देखा जा रहा है। इनमें डीएमके के नेतृत्व वाला सेक्युलर प्रोग्रेसिव अलायंस, एआईएडीएमके के नेतृत्व वाला नेशनल डेमोक्रेटिक अलायंस, नाम तमिलर काची और तमिलगा वेट्री कड़गम शामिल हैं। इस कारण यह चुनाव हाल के वर्षों के सबसे कड़े और रोमांचक मुकाबलों में से एक माना जा रहा है।
सुबह से ही तमिलनाडु के विभिन्न जिलों में मतदान केंद्रों पर लंबी कतारें देखने को मिलीं। मतदाताओं में मतदान को लेकर खासा उत्साह नजर आया और लोग बड़ी संख्या में अपने मताधिकार का प्रयोग करने के लिए पहुंचे। महिलाओं, युवाओं और बुजुर्गों में भी मतदान को लेकर सक्रिय भागीदारी देखी गई।
मतदान के रुझानों पर नजर
Bengal TN Voting : राजनीतिक दल भी पूरे दिन मतदान रुझानों पर नजर बनाए हुए हैं, क्योंकि माना जा रहा है कि इस बार मतदाताओं की सक्रिय भागीदारी चुनावी परिणामों को काफी हद तक प्रभावित कर सकती है। सभी दल अपने-अपने क्षेत्रों में मतदान प्रतिशत बढ़ाने की कोशिशों में जुटे हुए हैं।
मतगणना 4 मई को
चुनाव आयोग ने स्पष्ट किया है कि मतगणना 4 मई को की जाएगी, जिसके बाद यह तय होगा कि तमिलनाडु में अगली सरकार किसकी बनेगी और पश्चिम बंगाल की राजनीतिक तस्वीर किस दिशा में जाएगी।
कुल मिलाकर, दोनों राज्यों में मतदान प्रक्रिया शांतिपूर्ण माहौल में जारी है और मतदाताओं का उत्साह लोकतंत्र की मजबूती का स्पष्ट संकेत दे रहा है।







