पटना, 12 अगस्त। Electricity bill : मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने 1, अणे मार्ग स्थित ‘संकल्प’ से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से राज्य के घरेलू विद्युत उपभोक्ताओं से सीधा संवाद किया। इस मौके पर उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ने लगभग सभी घरेलू उपभोक्ताओं को प्रति माह 125 यूनिट तक मुफ्त बिजली देने का निर्णय लिया है। जिसे अगस्त से लागू कर दिया गया है। इस योजना से 1 करोड़ 89 लाख घरेलू उपभोक्ताओं को सीधा लाभ मिल रहा है। मुख्यमंत्री ने कहा कि इस पहल से उपभोक्ताओं को न सिर्फ राहत मिली है बल्कि इससे लोगों के जीवन स्तर में सुधार होगा।
सीएम बोले, बिजली खरीद पर सरकार के खर्च होते हैं काफी पैसे
Electricity bill : मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने कहा, “बिजली खरीदने में सरकार का काफी पैसा खर्च होता है, लेकिन हमने यह फैसला लिया है। उन्होंने बताया कि सरकार शुरुआत से ही काफी कम दर पर बिजली दे रही है, लेकिन मुफ्त बिजली देने का यह फैसला लोगों के हित में लिया गया है। अब बिहार सरकार 125 यूनिट तक का बिल भरेगी, ताकि घरेलू उपभोक्ताओं का बोझ कम हो।
कोई बच्चों की पढ़ाई पर करेगा खर्च, कोई स्वास्थ्य पर
Electricity bill : कार्यक्रम में सुपौल, नालंदा, मुजफ्फरपुर और गया जिलों की महिला उपभोक्ताओं ने मुख्यमंत्री से अपने अनुभव साझा किए। सुपौल की कोमल कुमारी ने कहा कि बचत हो रही है। बचत की इस राशि को वह अपनी बेटी के खाते में जमा करेंगी। नालंदा की लीला कुमारी ने बताया सरकार की ओर से जो राहत दी गई है वो उनके जैसे लोगों के लिए बहुत राहत है। इस बचत के पैसे का उपयोग अब वो रसोई, बच्चों की पढ़ाई और स्वास्थ्य पर खर्च करेंगी।
इधर, मुजफ्फरपुर की गुड़िया खातून सीएम नीतीश से बातचीत के दौरान बताया कि उनका बिजली बिल अब शून्य हो गया है। अब वो बच्चों की पढ़ाई और स्वास्थ्य पर ज्यादा ध्यान दे पा रही हैं। गया की नूरजहां खातून ने सीएम नीतीश के इस फैसले की जम कर तारीफ की। नूरजहां ने कहा कि पहले जो मासिक खर्च बिजली पर होता था, वह अब घरेलू जरूरतों में खर्च हो रहा है। ये आम लोगों के लिए बड़ी राहत है।
2005 से अब तक बिजली में क्रांतिकारी बदलाव
Electricity bill : 125 यूनिट बिजली मुफ्त करने के इस फैसले को लेकर मुख्यमंत्री नीतीश कुमार काफी उत्साहित नजर आए। उन्होंने वीडियो कांफ्रेंसिग के दौरान लोगों बातचीत करते हुए पुराने दिनों को याद किया। उन्होंने कहा, 2005 में पटना में भी 7-8 घंटे से ज्यादा बिजली नहीं रहती थी। 24 नवंबर 2005 को सरकार बनने के बाद हमने बिजली क्षेत्र में बड़े पैमाने पर काम किया।
सीएम ने लोगों को जानकारी दी कि हमने ऊर्जा पर बजट बढ़ाया है, आपूर्ति सुधारी और हर गांव-टोले में बिजली पहुंचाई है। जिससे आम लोगों के जीवन में सुधार आया है। जीवन स्तर सुधरा है और लोगों के चेहरे पर खुशहाली आई है। उन्होंने बताया कि अब हर नए घर और टोले को भी बिजली दी जा रही है। साथ ही सौर ऊर्जा को बढ़ावा देते हुए सभी सरकारी भवनों की छत पर सोलर प्लांट लगाए गए हैं। अब इच्छुक घरेलू उपभोक्ताओं को भी सौर ऊर्जा का लाभ देने की योजना है।
16 लाख लोगों की सीधी भागीदारी
Electricity bill : बताते चलें कि सीएम नीतीश कुमार के इस ‘विद्युत ऊर्जा उपभोक्ता संवाद’ कार्यक्रम के जरिए सभी जिलों से करीब 16 लाख लोग जुड़े। कार्यक्रम के दौरान ऊर्जा विभाग की उपलब्धियों पर आधारित एक लघु फिल्म भी दिखाई गई। मुख्यमंत्री ने इस आयोजन के लिए ऊर्जा मंत्री बिजेन्द्र प्रसाद यादव और ऊर्जा विभाग की टीम को धन्यवाद दिया। मुख्यमंत्री ने भरोसा दिलाया, उन्होंने कहा— हम लगातार लोगों के हित में फैसले लेते रहेंगे और राज्य को बिजली के मामले में और मजबूत बनाएंगे।
Author: Nivedita Jha
Nivedita Jha is a graduate from Baba Saheb Bhimrao Ambedkar University. She is also a double post graduate. She has also done journalism. She has five years of experience in journalism.







